एक साल पहले आया कोरोना, अभी भी पूरा दुनिया में संघर्ष जारी

corona virus

चीन से शुरू हुआ था कोविड-19 सिर्फ वही थमा

अंतरराष्ट्रीय स्तर की तमाम कोशिशों के बाद भी कोरोनावायरस लगातार फैल रहा है इस महामारी के कारण दिन पा दिन हजारों लोगों की जाने जा रहे हैं।

कहां से हुई कोरोना की शुरुआत ?

चीन के वुहान से हुई थी कोरोनावयरस की शुरुआत।
चीन का एक ऐसा शहर जिसके बारे में शायद ही कोई ना जानता हो ‌“वुहान” जहां से लाखों लोगों की जान लेने वाला और करोड़ों को संक्रमित करने वाला वायरस “कोरोनावायरस” का जन्म हुआ जिसने अपनी जड़ें ना केवल चीन में बल्कि पूरे विश्व में फैला दी। इस वायरस ने लोगों के जीने का ढंग ही बदल दिया।

बुहान नाम का यह शहर जहां किसी फूड मार्केट में छोटे छोटे दुकानदार अलग-अलग तरह के मांस मछलियों को बेचते थे यहीं से हुई कोरोना की शुरुआत कोविड-19 का पहला मरीज 17 नवंबर 2019 को ट्रेस किया गया था लेकिन इस खबर को चीन में 21 दिनों तक छुपा कर रखा था 8 दिसंबर को इस बात का लोगों को पता चला। 17 नवंबर से लेकर 31 दिसंबर तक चीन में कोरोना के कुल 336 मामले सामने आए थे। बताया गया कि कोरोना वायरस का पहला मरीज एक 55 वर्षीय महिला थी।

चीन के बाद इस वायरस ने दूसरे देशों में भी मचाया कोहराम

साल 2019 के खत्म होते ही इस वायरस में अपनी जड़ें चीन के अलावा दूसरे देशों में भी फैलाना शुरू कर दिया। धीरे धीरे समय के साथ इस वायरस ने अमेरिका, फ्रांस, भारत, इटली,इंग्लैंड ,रूस के साथ ही बहुत सारे देशों में अपना प्रकोप दिखाया। इस वायरस के बारे में वैज्ञानिकों को भी पर्याप्त जानकारी नहीं थी। तमाम वैज्ञानिक भी इस बात की पुष्टि नहीं कर पाए थे की इस वायरस से दवा क्या हो सकती है और उस दवा को बनाने में कितना वक्त लग सकता है।

इस वायरस की वैक्सीन की खोज में हर देश के वैज्ञानिक जुटे हैं। जब इस बात का पता लगाया गया कि कोरोनावायरस लोगों के संपर्क में आने से फैल रहा है तो कुछ देशों ने इसे फैलने से रोकने के लिए अपने देश में संपूर्ण लॉकडाउन भी लगा दिया। परंतु इस लॉकडाउन के नतीजे अच्छे नहीं रहे । लोक संपर्क में भी आए और इस वायरस की पकड़ मजबूत भी हुई। इस वायरस की वैक्सीन की खोज में अब भी दुनिया के वैज्ञानिक जद्दोजहद में लगे हैं। सारे देश की यही कोशिश है कि इस वायरस की वैक्सीन जल्दी बने और इस महामारी को समाप्त करें।

संक्रमण के मामले नहीं हो रहे कम

धीरे-धीरे समय बीता गया और कोरोनावायरस के मरीज बढ़ते गए। कभी बढ़ते मामलों में तेजी आ जाती है तो कभी बढ़ते मामलों में कमी हो जाती है पर संक्रमण थम नहीं सका। समय के साथ लोगों ने सोशल डिस्टेंसिंग मास्क और सैनिटाइजर को अपने रोजमर्रा की जिंदगी का एक महत्वपूर्ण हिस्सा बना लिया,और आज भी लोग इन्हीं तीन चीजों के सहारे अपने आप को कुछ हद तक ही सही परंतु सुरक्षित मान रहे हैं।

वायरस को दुनिया में आए पूरा हुआ एक साल

17 नवंबर 2020 को कोरोनावायरस को आए पूरा 1 साल हो चुका है और इस पूरे 1 साल में दुनिया भर में कोरोना के कुल 5.55 करोड़ मामले सामने आए हैं जिनमें से 3.86 करोड़ लोग ठीक हो चुके हैं और साथ ही 13,35,057 लोगों की मौतें हो चुकी हैं ।

भारत में भी 295 दिनों से कोरोना ने मचा रखी है तबाही

कोरोनावायरस को भारत में आए 295 दिन हो चुके हैं और इन दिनों में रोज करीबन 30394 नए मरीज मिलते हैं, और करीबन 522 मौतें होती हैं। भारत देश में अभी तक कोरोना के कुल संक्रमित मामले 88,74,290 पाए गए हैं जिनमें से कुल 88,90,370 लोग ठीक हो चुके हैं और साथ ही 1,30,519 लोगों की मौत भी हो चुकी है। भारत में कॉल 12.6 करोड लोगों का कोरोना टेस्ट हो चुका है और साथ ही संक्रमण का दर 7.0% है।वैज्ञानिकों का कहना है कि कोरोनावायरस लहर भारत में धीमी पड़ रही है।

भारत,रूस,ब्राजील,अमेरिका समेत बहुत सारे ऐसे देश हैं जो कोरना की वैक्सीन बनाने में कुछ हद तक सफलता प्राप्त कर रही हैं। कुछ कंपनियों का दावा है कि नवंबर खत्म होने से पहले विश्व में कोरोनावायरस वैक्सीन लांच कर दी जाएगी।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *