Connect with us

Hi, what are you looking for?

Release Dates

PM मोदी ने आज की “स्वामित्व योजना” की शुरुवात, जानिए महत्वपूर्ण बातें

Jaysi Upamanyu-Liveakhbar Desk

नई दिल्ली। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने आज स्वामित्व योजना की शुरुवात करी। इस योजना से ग्रामीण भारत के करीबन 6.62 लाख गांवो को फायदा होगा। प्रधानमंत्री ने इसकी घोषणा 24 अप्रैल यानी राष्ट्रीय पंचायत दिवस को करी थी। इस योजना को लागू करने का सबसे बड़ा कारण है, ग्रामीण भारत में बढ़ते संपत्ति से जुड़े मामले।

आज पीएम मोदी ने इस योजना से जुड़े प्रॉपर्टी कार्ड बाटें। जैसा के सभी जानते हैं कोरोनावायरस के कारण सारे ही कार्य डिजिटली हो रहे हैं। तो यह कार्ड भी एक SMS के द्वारा लोगों तक पहुंचे। करीब एक लाख लोगों तक यह SMS पहुंचा, जिसमे एक लिंक था, उस लिंक पर क्लिक कर के लोग अपना प्रॉपर्टी कार्ड डाउनलोड कर सकेंगे।

“स्वामित्व योजना” क्या है?

इस योजना का पूरा नाम “सर्वे ऑफ विलेजेस एंड मैपिंग विथ इंपोवरिश्ड टेक्नोलॉजी इन विलेज एरिया” है।इसमें ड्रोन के जरिए ही जमीनों का सीमांकन होता है।और फिर उस सीमा के अंदर आने वाली प्रॉपर्टी का एक डिजिटल नक्शा तैयार होगा। इसे ड्रोन सर्वे तकनीक भी कहा जाता है। इस योजना से ग्रामीण छेत्र में बनी संपत्ति के मालिकाना हक का रिकॉर्ड तैयार किया जाएगा।यह प्रॉपर्टी कार्ड एक तरह से लोगों का अपनी संपत्ति पर मालिकाना हक का दस्तावेज है।

देश की ज़्यादातर आबादी ग्रामीण छेत्रो में रहती है। लेकिन अधिकतर ग्रामीणों के पास अपनी जमीन का मालिकाना हक के कागाज नहीं है,जिससे उन्हें बैंक से कर्ज लेने में दिक्कत का सामना करना पड़ता था, इसलिए इस योजना को शुरू किया गया।

कार्ड बांटने के बाद पीएम मोदी ने उन एक लाख लोगों को बधाई दी जिन्हें अपनी संपत्ति का स्वामित्व प्राप्त हुआ। और नानाजी देखमुख और लोकनायक जय प्रकाश नारायण को आज ही के दिन उनकी जन्मतिथि पर याद किया।

कैसे लागू होगी यह योजना?

इस योजना को लागू करने के लिए नोडल एजेंसी पंचायती राज मंत्रालय है। और राज्यो में लागू करने के लिए राजस्व विभाग को नोडल विभाग बनाया गया है। इसमें राजस्व विभागों को पंचायती राज मंत्रालय की सहायता से काम करना होगा। इस योजना को लागू करने में सर्वे ऑफ इंडिया तकनीकी सहयोगी के रूप में कार्य करेगा।

क्या है इस योजना के फायदे

  1. इससे प्रॉपर्टी के मालिक को उसका मालिकाना हक मिलेगा।
  2. ड्रोन तकनीक से एक बार तय हो जाएगा प्रॉपर्टी कितनी है तो उसके दाम भी आसानी से लग जाएंगे।
  3. इस दस्तावेज से ग्रामीणों छेत्र के आवासियों को बैंक से कर्ज लेने में भी आसानी होगी।
  4. टैक्स व्यवस्था में सुधार होगा पंचायती स्तर पर।
  5. आवासीय संपत्ति के मालिकाना हक का रिकॉर्ड बन सकेगा।

स्वामित्व योजना से केंद्र सरकार को भी काफी फायदे है। जैसे वित्तीय स्थिरता आना, सटीक जमीनी रिकॉर्ड उपलब्ध होना, प्रॉपर्टी टैक्स तय करने में मदद, GIS मैप्स तैयार होंगे, ग्राम पंचायत विकास में मददगार, प्रॉपर्टी से जुड़े विवाद काम होंगे।

अभी जिनके कार्ड बन गए हैं, उसमे उत्तर प्रदेश के 346 गांव, महाराष्ट्र के 100 गांव, हरियाणा के 221, उत्तराखंड के 50 और मध्य प्रदेश के 44 गांव शामिल हैं।

Advertisement. Scroll to continue reading.

Avatar
Written By

Click to comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

You May Also Like