दिल्ली की हवा हुई बेहद खराब : नोएडा – गाजियाबाद रेड ज़ोन में

Spread the love
  •  
  •  
  •  
  •  
  •  
  •  
  •  
  •  

– Jaysi Upamanyu

नई दिल्ली। राजधानी दिल्ली की हवा कुछ दिनों से बहुत ही ख़राब और प्रदूषित हो गई है। दिल्ली के साथ अब नोएडा और गाजियाबाद की हवा भी बेहद खराब हो चुकी है। जैसे सर्दियों में कोहरा छा जाता है उसी प्रकार से आज दिल्ली -एनसीआर में धुंध पसरने लगी है। बृहस्पतिवार को दिल्ली की हवा 8 महीने में सबसे ख़राब स्तर पर पहुंची। नासा की सैटेलाइट इमेजेस से पता चला है के पंजाब में अमृतसर, पटियाला, तरंतारण, फिरोजपुर और हरियाणा के अम्बाला और राजपुरा में भारी मात्रा में पराली जलाई गई है।

हाल के दिनों में PM 2.5 कणो की मात्रा तेज़ी से बढ़ गई है। जिसकी वजह से स्वास्थ सम्बन्धी शिकायते होने की सम्भावना है। इसी के चलते पंजाब से केन्द्रीय पर्यावरण मंत्री प्रकाश जावड़ेकर ने पराली जलाने पर रोक लगाने की अपील की है। प्रदूषण पर निगरानी रखने वाली एजेंसी, सफर के अनुसार, शुक्रवार को भी सुधार होने की सम्भावना नहीं है। हवा की गति धीमी होने के कारण हवा पराली जलने से उठे धुंए का साथ दे रही है। जिसकी वजह से प्रदूषण लेवल कम नहीं हो रहा है। 17 अक्टूबर को मामूली राहत की सम्भावना जताई गई है। किन्तु यह हवा बेहद खराब श्रेणी में ही रहने वाली है। सफर के अनुसार 14 अक्टूबर को 740 जगहों पर पराली जलाई गई थी। यह इस सीज़न का सबसे ज़्यादा आंकड़ा है। और तो और पिछले दो सालों के मुकाबले इस साल दोगुना है। सफर के यह भी दावा है कि ये पराली राजस्थान के प्रदूषण को 6 प्रतिशत प्रभावित कर रही है। और यह बढ भी सकता है।

दिल्ली में बृहस्पतिवार को सबसे अधिक स्तर आइटीओ में रहा, जिसका वायु गुदवत्ता सूचकांक 372 रहा। इसके बाद विवेक विहार में ये सूचकांक 370 और 359 शादीपुर में रहा।
इन हालातो पर केन्द्रीय मंत्री प्रकाश जावड़ेकर ने कहा कि एनसीआर में पराली जलाने से सिर्फ 4 फीसदी प्रदूषण हुआ है। फिर उन्होंने ट्वीट कर के कहा के “मेरे बयान की गलत व्याख्या की गई। इन दिनों पराली का योगदान 4 से 40 फीसदी तक रहता है।”

क्या बरतें सावधानी।

  1. सफर एजेंसी ने लोगों को सलाह दी है कि वह सुबह और शाम की सैर बन्द कर दे। सामान्य लोगों को भी यही हिदायत दी गई।
  2. बाहर जाने से लोग बचे और ज़्यादा आवश्यक हो तो एन – 95 या P- 100 मास्क का उपयोग करे।
  3. अस्थमा वाले मैरिज हर समय अपनी दवाई अपने पास रखे। अगर सांस लेने में या किसी भी तरह की असुविधा हो तो तुरंत आराम से लेट जाए और डॉक्टर की सलाह ले।
  4. घर की खिड़कियों को केवल दोपहर के समय जब धूप आए तभी खोले। क्योंकि खिड़कियों के खुले रहने से ये आपके घर की हवा को प्रदूषित कर देगी।
  5. व्यायाम करना बन्द कर दे। दोपहर में जॉगिंग की जगह वॉक के लिए जाए। और वॉक करते हुए भी बीच बीच में ब्रेक ले।
  6. घर में कोई भी धुंए वाली चीज़ जैसे मोमबत्ती, धूपबत्ती या अगरबत्ती का प्रयोग न करे।

आपको बता दे के फरवरी में वायु गुणवत्ता सूचकांक 320 था। बुधवार को ज़रूर दिल्ली – एनसीआर में सुधार देखा गया था किन्तु अगले दिन फिर वही ख़राब हवा जारी रही। और दिल्ली के ज़्यादातर इलाको में यह स्तर 300 को पार कर चुका है और दो दिन से बढ़ता ही जा रहा है।
दिल्ली सरकार ने इसे रोकने की कोशिश में ‘रेड लाइट ऑन, गाड़ी ऑफ ‘ अभियान की शुरुवात की। जिसमे सड़क पर ट्रैफिक के दौरान रेड सिग्नल पर अपने वाहन बन्द रख कर, प्रदूषण कम करने का प्रयास किया है। इससे ईंधन की भी बचत होगी। जिससे करीबन 7000 रुपए महीने की बचत हो सकती है।

इस प्रदूषण को देखते CPCB की 50 टीम तैनात की जायेंगी। साथ ही ईस्ट एमसीडी वायु प्रदूषण को रोकने के लिए अत्याधुनिक मशीनों की मदद ले रही है। और दिल्ली सरकार ने बिजली से चलने वाले जेनरेटरों पर भी पाबंदी लगा दी है।

-जायसी उपमन्यु।


Spread the love
  •  
  •  
  •  
  •  
  •  
  •  
  •  
  •  

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *